CG NEWS:बिलासपुर जिले में सरकारी जमीन की अफरा-तफरी का मुद्दा विधानसभा में गूंजा

CGNEWS:रायपुर। बिलासपुर जिले में जमीन की  अफ़रा-तफरी का मामला छत्तीसगढ़ विधानसभा में गूंजा। इस मामले में राजस्व मंत्री टंक राम वर्मा ने कमेटी बनाकर जांच करने की बात कही है।

छत्तीसगढ़ विधानसभा सत्र के दौरान बेलतरा के भाजपा विधायक सुशांत शुक्ला ने बिलासपुर जिले में जमीन की बंदर बांट का मुद्दा उठाया । प्रश्न कल के दौरान उन्होंने सवाल किया था कि सरकारी जमीन पर कब्जा करने वाले कितने लोगों के खिलाफ कार्रवाई की गई है। इसके जवाब में राजस्व मंत्री टंक राम वर्मा ने बताया कि 2021 से 25 नवंबर 2024 तक बिलासपुर जिले में अवैध कब्जे की 563 शिकायतें मिली थी। जवाब सुनने के बाद विधायक सुशांत शुक्ला ने कहा कि मंत्री का जवाब स्पष्ट तौर पर गलत है।  बिलासपुर जिले में राजीव गांधी आश्रय पट्टा योजना के तहत सर्वे कराया गया था।  इस सिलसिले में आरटीआई के जरिए जानकारी दी गई है कि सर्वे में 13273 लोगों के नाम आए थे। उन्होंने कहा कि पूर्ववर्ती सरकार के समय शासन के संरक्षण में सरकारी जमीन की बंदरबांट की गई है। उन्होंने जानना चाहा था कि क्या राज्य स्तर की कमेटी के जरिए इसकी जांच कर जिम्मेदार अधिकारियों के खिलाफ करवाई की जाएगी। विधायक सुशांत शुक्ला ने मोपका ,चिल्हाटी,  बहतरई , खमतराई,  बिरकोना, कोनी,सिंघरी, नागोई, बैमा, रामतला, बिजौर, मंगला , सेंरदी, लगरा जैसे कई स्थानों  का जिक्र करते हुए कहा कि यहां शासकीय जमीन मिसल पर है। लेकिन मौके पर अंकित नहीं है। यह कारस्तानी पिछले 5 साल की है।

सवाल के जवाब में मंत्री टंक राम वर्मा ने कहा कि तथ्यात्मक  जानकारी मिलने पर जांच कराई जाएगी। तखतपुर विधायक धर्मजीत सिंह ने कहा कि बिलासपुर जिले में जमीनों की भयंकर अफरा-तफरी हो रही है।  इसकी खबरें मीडिया में हमेशा सुर्खियों में रहती हैं। नगर निगम की सीमा मे भूमाफियाओं ने करोड़ों करोड़ों की सरकारी जमीन पर कब्जा किया है। उन्होंने जानना चाहा था कि क्या बेस कीमती जमीन को कब्जा मुक्त कराया जाएगा। जवाब में मंत्री टंक राम वर्मा ने कहा कि जितनी जगह है उसे  चिन्हांकित कर परीक्षण करेंगे और कमेटी बनाकर इसकी जांच कराएंगे।

रंग में भंग करने वालों पर प्रहार....डेढ़ दर्जन से अधिक आरोपी गिरफ्तार...आधा दर्जन कोचियों के साथ पकड़ाया गांजा तस्कर..

Related Articles