Da Hike: आचार संहिता लगने के पहले तीन फीसदी महंगाई भत्ता देने की मांग

DA Hike: रायपुर।केंद्र सरकार ने गुरुवार को कैबिनेट की बैठक में केंद्रीय कर्मचारियों के लिए आठवां वेतन आयोग गठित करने का निर्णय लिए जाने का इंडियन पब्लिक सर्विस इंप्लाईज फेडरेशन के वरिष्ठ राष्ट्रीय उपाध्यक्ष अनिल शुक्ला ने स्वागत किया है।
साथ ही छत्तीसगढ़ कर्मचारी अधिकारी महासंघ के प्रांतीय संयोजक अनिल शुक्ला ने प्रदेश के मुख्य मंत्री से राज्य के कर्मचारियों एवं पेंशनरों को स्थानीय चुनाव की आचार संहिता लगने के पूर्व प्रदेश में मोदी की गारंटी को लागू करते हुए 1 जुलाई 2024 से तीन प्रतिशत महंगाई भत्ता देने की मांग किया है।
इफ्सेफ के राष्ट्रीय उपाध्यक्ष अनिल शुक्ला एवं ओ पी शर्मा ने कहा है कि इंडियन पब्लिक सर्विस इंप्लाईज फेडरेशन के राष्ट्रीय अध्यक्ष वी पी मिश्रा के आह्वान पर 2 अक्टूबर 2024 को गांधी जयंती के दिन अखिल भारतीय स्तर पर इपसेफ के छत्तीसगढ़ सहित भारत देश में सभी राज्य इकाइयों ने गांधी प्रतिमा के समक्ष सभी प्रदेश मुख्यालय में सत्याग्रह कर भारत के प्रधान मंत्री एवं वित्त मंत्री को ज्ञापन प्रेषित कर आठवें वेतन आयोग के गठन की मांग की गई थी।
मालूम हो कि सातवां वेतन आयोग का गठन दो वर्ष पूर्व हो गया था जिसे 1 जनवरी 2016 से लागू किया गया।
सातवें वेतन आयोग का समय सीमा 31 दिसंबर 2025 तक है,1 जनवरी 2026 से आठवां वेतन आयोग लागू हो जाएगा लेकिन केंद्र सरकार की ओर से वेतन आयोग के गठन पर हो रही देरी की वजह से कर्मचारियों में नाराजगी को दूर करते हुए प्रधान मंत्री नरेंद्र मोदी ने आठवें वेतन आयोग के गठन की घोषणा कर अपनी मंशा जाहिर कर दी कि कर्मचारियों के भविष्य को लेकर केंद्र की सरकार चिंतित हैं।
वहीं राज्य की सरकार महंगाई भत्ता समय से देने में कर रही ऐसे में आठवें वेतन आयोग को राज्य की सरकार कब से लागू करेगी यह भी बड़ा सवाल बना ही रहेगा।









