
जिला स्वास्थ्य समिति की बैठक में सख्त हुए कलक्टर, कम प्रगति वाले चिकित्सा अधिकारियों को कारण बताओ नोटिस जारी करने के निर्देश
जिला कलक्टर काना राम की अध्यक्षता में जिला स्वास्थ्य समिति की मासिक समीक्षा बैठक शनिवार को जिला परिषद सभागार में आयोजित हुई। इस अवसर पर मुख्य कार्यकारी अधिकारी गौरव बुड़ानिया मौजूद रहे।
जिला कलक्टर ने चिकित्सा विभाग कि विभिन्न योजनाओं, कार्यक्रमों और अभियानों की प्रगति की बारीकी से समीक्षा कर मुख्यमंत्री प्रधानमंत्री जन आरोग्य योजना, ईकेवाईसी कार्य में संतोषजनक प्रगति नही होने के कारण, जिला समन्वयक मुख्यमंत्री आयुष्मान आरोग्य योजना को कार्य से हटाने के निर्देश प्रदान किए।
इसके साथ ही उन्होंने एनसीडी कार्यक्रम में 30 प्रतिशत से कम प्रगति वाले संस्थानों चौथ का बरवाडा, भूरी पहाड़ी, बालेर, यूपीएचसी मानटाउन, हिंगोटिया, सिटी, शेषा, लोरवाड़ा, सूरवाल को कारण बताओ नोटिस, 70 प्रतिशत से कम एएनसी पंजीकरण करने वाले संस्थानों भाडोती, खिरणी, ईसरदा, लोरवाड़ा, जाटवाड़ा कला, शिवाड़, बहरावड़ा कला, यूपीएचसी सिटी, हिंगोटिआ, बजरिया को करण बताओ नोटिस, तीन एएनसी में कम प्रगति पर ब्लॉक मलारना डूंगर व बौंली को कारण बताओ नोटिस जारी करने के निर्देश प्रदान किये।
स्वास्थ्य सुधारों पर जोर ई-केवाईसी व एएनसी कार्य में शत-प्रतिशत लक्ष्य प्राप्त करने के निर्देश :- जिला कलक्टर ने ईकेवाईसी मे शत प्रतिशत लक्ष्य अगली बैठक से पूर्व प्राप्त करने, एएनसी पंजीकरण के समय ही आवश्यक दस्तावेज़ लिए जाने, शत प्रतिशत एएनसी बारह सप्ताह से पूर्व करने, एनसीडी स्क्रीनिंग करने, सीबीएसी फॉर्म भरने, फोलो अप करने, इन कार्य को करने वाली आशा सहयोगिनियों, एएनएम को कार्य का भुगतान समय पर करने के निर्देश संबंधित स्वास्थ्य अधिकारियों को प्रदान किए।
वहीं टीबी मुक्त कार्यक्रम के अंतर्गत संदिग्ध रोगियों के शत-प्रतिशत चैस्ट एक्स-रे करने, 24 घण्टे नाँट मशीन संचालित कर टीबी रोगियों की पहचान हेतु स्क्रीनिंग बढ़ाने, आमजन, फार्मा व्यापारियों, किराना व्यापारियों, भामाशाहो को जोड़ कर निक्षय मित्र बनाकर निक्षय किट उपलब्ध करवाने, टीबी मुक्त ग्राम पंचायत कि संख्या बढ़ाने के निर्देश जिला क्षय रोग अधिकारी डॉ. अमित गोयल को दिए।
उन्होंने सिविल कार्य के लिए चिकित्सा संस्थान के प्रभारी, सिविल विंग को साथ मे मौका मुआयना करने, निर्माण कार्य कि प्रगति व गुणवत्ता कि समीक्षा व जांच समय समय पर करने के निर्देश दिए।
जिले के समस्त दिव्यांग जनों के यूडीआईडी कार्ड जारी करने, शहरी व ग्रामीण शिविरों मे कैंसर स्क्रीनिंग करने, हीमोग्लोबिन जांच करने, जाँच का डाटा पोर्टल पर अपलोड करने, बारिश के बाद संस्थानों मे हुई टूट फूट की मरम्मत करवाने, टंकियों की साफ-सफाई करवाने के निर्देश प्रदान किये।
निजी अस्पतालो मे जेएसवाई योजना की पेंडेंसी ख़त्म करने, हाई रिस्क प्रेग्नेंसी की प्रगति दस प्रतिशत करने, एएनसी के विरुद्ध जनाधार आधार, बैंक अकाउंट डिटेल की प्रगति 95 प्रतिशत तक करने के निर्देश प्रदान किये ताकि प्रसूताओं को योजनाओं का लाभ दिया जा सके।
बैठक में अतिरिक्त सीएमएचओ डॉ. शिशिर बैरवा, डिप्टी सीएमएचओ डॉ. अमित सोनी, आरसीएचओ डॉ. रुकम केश मीना, जिला स्तरीय अधिकारी, समस्त, बीसीएमओ, पीएमओ, सीएचसी, पीएचसी इंचार्ज, हेल्थ पार्टनर प्रतिनिधि मौजूद रहे।





