BLACK WENESDAY…कलेक्टर आदेश से मचा हड़कम्प…SDM ने चलाया बुलडोजर…भूमाफिया का 50 लाख स्वाहा..नाला आजाद
भूमाफियों पर चला SDM का बुलडोजर..मचा हड़कम्प

बिलासपुर—भू-माफियों के लिए 7 अगस्त बुधवार का दिन काला साबित हुआ है। कलेक्टर आदेश पर पहले सकरी तहसील स्थित गोकने नाला फिर तखतपुर स्थित नाला पाटने वाले भूमाफियों के खिलाफ बुलडोजर चला है। दोनो जगह पर नाला पाटकर किए गए निर्माण को प्रशासन ने जमीदोज कर दिया है। कलेक्टर आदेश पर पहले सकरी स्थित विनायक प्लाजा फिर तखतपुर स्थित नगोई में नाले पर किए गए अवैध निर्माण को प्रशआसन ने पूरी तरह से नेस्तनाबूद कर दिया। दोनो कार्रवाई से भूमाफियों के बीच जमकर हड़कम्प है।
कलेक्टर अवनीश शरण के निर्देश पर पहले निगम प्रशासन ने पहले सकरी स्थित गोगने नाले को पाटकर कब्जा हटाया गया। इसके बाद तखतपुर एसडीएम ज्योति पटेल की अगुवाई में ग्राम नगोई स्थित प्राकृतिक नाले को भूमाफिया के बन्धक से छुड़ाया गया। रिमझिम बारिश के बीच ज्योति पटेल मौके पर पहुंचकर नाला पर बनाए गए अवैध निर्माण को तोड़कर जल बहाव को बहाल कराया। साथ ही अवैध कब्जाधारी पर 10 हजार का जुर्माना ठोका है। प्रशासन की कार्रवाई से अवैध कब्जा हटते ही प्राकृतिक जल बहाव पूर्व की तरह बहाल हो गया है।
एसडीएम तखतपुर डॉ. ज्योति पटेल ने बताया कि लगातार मिल रही शिकायत और कलेक्टर के निर्देश पर अवैध कब्जा के खिलाफ अतिक्रमण अभियान चलाया गया। ज्योति पटेल ने बताया कि लिखित शिकायत में पाया गया कि भूमाफिया अग्रवाल परिवार ने नाला को पाटकर अवैध निर्माण किया है। नाला पाटने के बाद लता अग्रवाल पति पंकज अग्रवाल ने अवैध निर्माण किया है। इसके अलावा पाटी गयी जमीन पर कमरा और राइस मिल का भवन बनाया है।
कलेक्टर के सख्त आदेश पर तत्काल तहसीलदार को मौका मुआयना के लिए भेजा गया। तहसीलदार ने बेदखली आदेश जारी कर सात अगस्त तक बेजा कब्जा हटाने को कहा। एसडीएम ज्योति पटेल ने बताया कि बेजाकब्जा नहीं हटाए जाने की सूरत में पुलिस बल और अतिक्रमण दस्ते के साथ तोड़फोड़ अभियान चलाकर सारे निर्माण को नेस्तनाबूद कर दिया है।
एसडीएम के अनुसार लता अग्रवाल ने अपनी भूमि से लगी लगभग 1 एकड़ भूमि पर मुरुम पाटकर कब्जा किया है। कब्जा की गयी जमीन की कीमत करीब 50 लाख रूपयों से अधिक है। पाटी गई मुरूम को हाइवा और जेसीबी की मदद से हटाया गया। अवैध कब्जा हटाते ही प्राकृतिक पानी के बहाव को आजाद किया गया।
कार्रवाई के बाद लता अग्रवाल पर 10000 रूपयों का जुर्माना लगाया गया है।









