Madhya Pradesh News

पकड़ा गया फर्जी टीटीई: झेलम एक्सप्रेस में यात्रियों से अवैध वसूली करते रंगे हाथों गिरफ्तार, ‘रेल मदद’ शिकायत से हुआ खुलासा

ग्वालियर/त्योहारों के सीजन में जब मध्य प्रदेश के ग्वालियर रेलवे स्टेशन पर यात्रियों की भारी भीड़ उमड़ी हुई है, इसी बीच ग्वालियर स्टेशन पर एक बड़ा मामला सामने आया है। पुणे से जम्मू तवी जा रही झेलम एक्सप्रेस में एक फर्जी टीटीई यात्रियों से बर्थ दिलाने और बिना टिकट यात्रा करने वालों से अवैध वसूली करते हुए रंगे हाथों पकड़ा गया। आरोपी को ग्वालियर रेलवे स्टेशन पर आरपीएफ (रेलवे सुरक्षा बल) और जीआरपी (राजकीय रेलवे पुलिस) की संयुक्त टीम ने हिरासत में ले लिया है।

यह घटना पुणे से जम्मू तवी जा रही झेलम एक्सप्रेस के जनरल कोच में हुई, जहां एक व्यक्ति फर्जी टीटीई बनकर यात्रियों से पैसे वसूल रहा था। यात्रियों को जब उसकी हरकतों पर शक हुआ, तो एक सजग यात्री ने उसका वीडियो बनाकर तत्काल ‘रेल मदद’ पर शिकायत दर्ज करा दी। शिकायत मिलते ही जीआरपी और आरपीएफ तुरंत हरकत में आ गईं और जैसे ही ट्रेन ग्वालियर स्टेशन के प्लेटफार्म नंबर 2 पर पहुंची, आरोपी को पकड़ लिया गया।

आरोपी का दावा और बरामदगी:

पकड़े गए फर्जी टीटीई ने प्राथमिक पूछताछ में अपना नाम कमल पांडे बताया। आरोपी खुद को सेना का जवान बताते हुए ललितपुर में पदस्थ होने का दावा कर रहा है, हालांकि जांच में यह जानकारी संदिग्ध पाई गई है। जीआरपी ने आरोपी के पास से 1620 रुपये नगद बरामद किए हैं, जो उसने यात्रियों से अवैध रूप से वसूले थे।

जीआरपी थाना प्रभारी का बयान:

जीआरपी थाना प्रभारी जितेंद्र चंदेलिया ने इस संबंध में जानकारी देते हुए बताया कि प्राथमिक पूछताछ में आरोपी ने कबूल किया है कि वह बिना टिकट सफर कर रहा था और इससे पहले भी दो बार अन्य ट्रेनों में फर्जी टीटीई बनकर यात्रियों से वसूली कर चुका है, लेकिन तब वह पकड़ में नहीं आया था। इस बार त्योहार के सीजन में अधिक भीड़ देखकर उसने एक बार फिर वही चाल चली, लेकिन इस बार एक यात्री की सजगता और रेलवे पुलिस की तत्परता से उसकी चालाकी नाकाम हो गई।

जांच जारी और रेलवे की अपील:

फिलहाल जीआरपी ने आरोपी कमल पांडे के खिलाफ मामला दर्ज कर उसे गिरफ्तार कर लिया है और आगे की जांच जारी है। पुलिस यह भी पता लगा रही है कि क्या उसके साथ किसी और की मिलीभगत थी या वह अकेले ही इस तरह की धोखाधड़ी की घटनाओं को अंजाम देता था।

रेलवे पुलिस यात्रियों से अपील कर रही है कि यदि कोई संदिग्ध व्यक्ति टीटीई बनकर पैसे वसूलने की कोशिश करे, तो तत्काल 139 ‘रेल मदद’ नंबर पर या नजदीकी रेलवे पुलिस को सूचित करें। रेलवे का मानना है कि यात्रियों की सतर्कता ही ऐसे फर्जीवाड़ों पर प्रभावी ढंग से लगाम लगा सकती है और धोखाधड़ी को रोका जा सकता है। यह घटना त्योहारों के दौरान यात्रा करने वाले यात्रियों के लिए एक चेतावनी भी है कि वे सतर्क रहें और किसी भी संदिग्ध गतिविधि की तुरंत शिकायत करें।

Shri Mi

पत्रकारिता में 8 वर्षों से सक्रिय, इलेक्ट्रानिक से लेकर डिजिटल मीडिया तक का अनुभव, सीखने की लालसा के साथ राजनैतिक खबरों पर पैनी नजर
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